बिहार के युवक को गुरुग्राम होटल ले गई मध्य प्रदेश एटीएस, बालकनी से गिरकर मौत
परिवार का आरोप-धक्का देकर मारा गया

गुरुग्राम। मध्य प्रदेश एटीएस टीम की हिरासत में होटल की तीसरी मंजिल से कूदकर युवक की मौत के मामले में नया मोड़ आया है। मृतक के परिजनों ने पुलिस पर युवक को धक्का देकर हत्या करने का आरोप लगाया है। परिजनों का कहना है कि युवक ने खुद छलांग नहीं लगाई, उसे धक्का दिया गया। वहीं, गुरुग्राम में मेडिकल बोर्ड टीम ने शव का पोस्टमॉर्टम कर दिया है। बुधवार को मामले की जानकारी मिलने पर मृतक के परिजन सोहना पहुंचे। मृतक की पहचान बिहार के मधेपुरा निवासी हिमांशु के तौर पर हुई थी। उसे व पांच अन्य आरोपियों को साइबर क्राइम के मामले में धुनेला के पास एक सोसायटी से एटीएस मध्य प्रदेश ने हिरासत में लिया था।मध्य प्रदेश एटीएस आरोपियों से एक होटल के तीसरे मंजिल में स्थित एक कमरे में पूछताछ कर रही थी। पुलिस के अनुसार हिमांशु ने पूछताछ के दौरान टॉयलट जाने का बहाना बनाया और होटल की तीसरी मंजिल से छलांग लगा दी। उसे अस्पताल ले जाया गया, वहां उसकी मौत हो गई थी। लेकिन मौके पर पहुंचे हिमांशु के परिजनों का आरोप है कि उसे धक्का देकर हत्या की गई है। हालांकि अभी तक परिजनों ने मामला दर्ज नहीं करवाया है।
होटल में पूछताछ संदेह की बड़ी वजह
हिमांशु के चाचा दीपक पाठक ने कहा कि उनके भतीजे की होटल के तीसरी मंजिल से फेंककर हत्या की गई है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि उनके भतीजे सहित 5 दूसरे आरोपियों को होटल में ही क्यों रखा गया। जबकि शहर का पुलिस थाना होटल से मात्र 100 गज की दूरी पर है। आरोपियों को हवालात में रखना था। दीपक पाठक ने कहा कि उन्होंने सोहना पुलिस अधिकारियों से संपर्क किया, लेकिन स्थानीय पुलिस को कार्रवाई की सूचना नहीं दी गई थी। आरोप लगाया कि पुलिस ने जानबूझ कर आरोपियों को होटल में रखा था।
परिजनों का कहना है कि वे मामले की जानकारी लेने के लिए एटीएस की ओर से गिरफ्तार अन्य आरोपियों से मिलकर बात करना चाहते हैं। लेकिन उनसे नहीं मिलने दिया जा रहा। हिमांशु के चाचा दीपक अन्य आरोपियों से मिलने की गुहार लगा रहे हैं। लेकिन पुलिस उनसे मिलने नहीं दे रही। ऐसे में मध्य प्रदेश एटीएस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं। मामले को लेकर सोहना में मौजूद एटीएस अधिकारियों से बात करने की कोशिश की, लेकिन उन्होंने बात करने से इनकार कर दिया।




