बिजली विभाग की लापरवाही से खेतों में लगी आग, किसान को भारी नुकसान
किसानों ने जर्जर तार बदलने और दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग उठाई

कौशाम्बी/उत्तर प्रदेश। कौशाम्बी जिले के तिल्हापुर मोड़ क्षेत्र में बिजली विभाग की लापरवाही और भ्रष्टाचार के कारण किसानों को लगातार भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। जर्जर विद्युत तारों से आए दिन चिंगारी निकलती है, जो खेतों में गिरकर फसलों को आग के हवाले कर देती है। इससे किसानों की मेहनत की फसल राख हो जाती है और उनके सामने रोज़ी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है। ग्रामीणों का आरोप है कि बिजली विभाग के अधिकारी अभिलेखों में तारों को बदला हुआ दिखाकर करोड़ों का घोटाला कर रहे हैं, लेकिन अब तक किसी भी जिम्मेदार अधिकारी पर कार्रवाई नहीं हुई है।
चायल तहसील क्षेत्र के मखाऊपुर गांव निवासी किसान शिवमूरत सिंह पुत्र हीरा लाल के खेत में 5 अप्रैल 2026 को सुबह लगभग 9 बजे विद्युत तारों में शॉर्ट सर्किट से भीषण आग लग गई। ग्रामीणों की मदद से आग पर काबू पाया गया, लेकिन तब तक गेहूं की खड़ी फसल पूरी तरह जलकर राख हो गई। इस हादसे से किसान को भारी आर्थिक नुकसान हुआ है।
किसान शिवमूरत सिंह ने प्रशासन से मांग की है कि इस घटना की जांच कराई जाए और जली हुई फसल का उचित क्षतिपूर्ति दिलाई जाए। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि जर्जर तारों को हटाकर नई तारें लगाई जाएं, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही जर्जर तारों को बदला नहीं गया और दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई नहीं हुई तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे। किसानों ने प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप कर उनकी समस्याओं का समाधान करने की अपील की है।



