अजमेर शरीफ दरगाह विवाद: शिव मंदिर के दावे पर मोदी सरकार के स्टैंड से हिंदू पक्ष को बड़ा झटका
केंद्र सरकार ने याचिका खारिज करने की मांग की

जयपुर/एजेंसी। राजस्थान के अजमेर में विश्व प्रसिद्ध दरगाह को लेकर चल रहे विवाद से सियासत गरमाई हुई है। इधर, इस विवाद को लेकर मोदी सरकार ने दरगाह में शिव मंदिर के दावे से जुड़ी विष्णु गुप्ता की याचिका को खारिज करने की मांग की है। इसको लेकर अल्पसंख्यक कल्याण मंत्रालय ने कोर्ट में हलफनामा दायर किया है। हलफनामा में केंद्र सरकार ने कहा है कि यह मुकदमा सुनने लायक नहीं है। कोर्ट में इस हलफनामा को लेकर अंजुमन सैयद जागदान ने इस पर हर्ष व्यक्त किया हैं। इधर, अजमेर कोर्ट में इस विवाद को लेकर शनिवार को सुनवाई टल गई। अब मामले की अगली सुनवाई 31 मई को होगी।
बता दें कि अजमेर ख्वाजा साहब की दरगाह में शिव मंदिर होने के दावे को लेकर विष्णु गुप्ता ने याचिका दायर की थी। इसको लेकर मामले की सुनवाई चल रही है। इधर, इस विवाद के कारण सियासत भी गरमाई हुई है। केंद्र सरकार ने विष्णु गुप्ता की याचिका को खारिज करने की मांग की है। इसको लेकर अल्पसंख्यक कल्याण मंत्रालय ने कोर्ट में हलफनामा दायर किया है। इसमें कहा है कि यह मुकदमा सुने जाने लायक नहीं है। इधर, मामले को लेकर हाई कोर्ट में अगले हफ्ते सुनवाई होनी है। जबकि इस मामले में अजमेर कोर्ट में 31 मई को सुनवाई होगी।
कोर्ट में केंद्र सरकार ने विष्णु गुप्ता की याचिका खारिज करने की मांग की है। सरकार के हलफनामा के जवाब पर अंजुमन सैयद जागदान ने खुशी जताई है। उन्होंने कहा कि केंद्र के जवाब के बाद यह साफ हुआ कि विष्णु गुप्ता ने कोर्ट का रुख सिर्फ सस्ती लोकप्रियता हासिल करने के लिए किया है। उन्होंने केंद्र के रूख का स्वागत किया। वहीं, दरगाह में मंदिर के दावे से जुड़ी याचिका पर शनिवार को अजमेर सिविल कोर्ट में सुनवाई टल गई। अब इस मामले को लेकर 31 मई को सुनवाई होगी।
दरगाह मामले को लेकर शनिवार को अजमेर कोर्ट में सुनवाई होनी थी, लेकिन अधिवक्ताओं की अनुपस्थिति के कारण मामले की अगली तारीख 31 मई 2025 रखी गई। इस दौरान सुप्रीम कोर्ट के अधिवक्ता वरुण कुमार सिंह सिन्हा व्यक्तिगत कारणों से कोर्ट नहीं आ पाएं। इस कारण शनिवार को होने वाली अहम बहस को टाल दिया गया। सुप्रीम कोर्ट के वकील वरुण कुमार सिंह सिन्हा याचिकाकर्ता विष्णु गुप्ता की ओर से पैरवी कर रहे हैं। बता दें कि हिंदू राष्ट्र सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष विष्णु गुप्ता ने कोर्ट में याचिका दायर कर यह दावा किया था कि अजमेर की दरगाह शरीफ एक प्राचीन हिंदू मंदिर है। इस याचिका पर कोर्ट ने दरगाह कमेटी, अल्पसंख्यक मंत्रालय और भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एआई) को नोटिस जारी किया।




