यूपी बजट 2026 में अर्थव्यवस्था की रीढ़ को मिला ‘बूस्टर डोज’
एमएसएमई के लिए 3,822 करोड़ रुपये प्रस्तावित

लखनऊ/एजेंसी। उत्तर प्रदेश के विधानसभा चुनाव 2027 से पहले योगी आदित्यनाथ सरकार ने बुधवार को विधानसभा में अपना दसवां बजट पेश किया। वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश कुमार खन्ना के बजट पेश करने के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उनके साथ मीडिया को संबोधित किया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि बजट में 43 हजार 565 करोड़ से अधिक की धनराशि केवल नई योजनाओं के लिए प्रस्तावित की गई है। दो लाख करोड़ से अधिक की राशि पूंजीगत व्यय के लिए है। अर्थव्यवस्था का सुदृढ़ीकरण करने में इसकी बड़ी भूमिका होती है, यहीं से रोजगार सृजन भी होता है। उन्होंने कहा कि ये हमारी सरकार का दसवां बजट है और पहली बार हुआ है जब किसी मुख्यमंत्री को उत्तर प्रदेश जैसे राज्य में दसवां बजट पेश करने का अवसर प्राप्त हुआ है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि हम उत्तर प्रदेश को बीमारू राज्य से रेवेन्यु सरप्लस राज्य बनाने में सफल हुए हैं। आज विधानसभा में वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 9 लाख 12 हजार 696 करोड़ का बजट पेश हुआ। यह देश की सबसे बड़ी आबादी का बजट है। किसान, युवा, महिला का बजट है। नौ वर्ष में उत्तर प्रदेश पर राय बदली है। बजट में हर वर्ग का ध्यान रखा गया। नौ वर्ष में एक भी टैक्स नहीं लगा।
सीएम योगी आदित्यनाथ ने यह भी कहा कि यह पहली बार है जब किसी मुख्यमंत्री को दसवीं बार बजट प्रस्तुत करने का अवसर मिला है। उन्होंने दावा किया कि पिछले 9 वर्षों में एक भी अतिरिक्त टैक्स नहीं लगाया गया, कर चोरी पर प्रभावी रोक लगाई गई और उत्तर प्रदेश को ‘बीमारू राज्य’ की छवि से निकालकर ‘रेवेन्यू प्लस राज्य’ के रूप में स्थापित किया गया है। यह बजट राज्य के सर्वांगीण विकास और आत्मनिर्भर उत्तर प्रदेश की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
उन्होंने कहा कि सुरक्षित नारी, सक्षम युवा, खुशहाल किसान, हर हाथ को काम, तकनीकी निवेश से समृद्ध होता उत्तर प्रदेश के लिए समर्पित यह बजट नौ वर्ष के नवनिर्माण की एक नई गाथा को देशवासियों के समक्ष प्रस्तुत करता है। उत्तर प्रदेश का बजट नौ वर्ष में तीन गुना से अधिक बढ़ा है। बजट की थीम “सुरक्षित नारी, सक्षम युवा और खुशाल किसान”। दो लाख करोड़ की धनराशि कैपिटल एक्सपेंडिचर के लिए है। यह पहली बार हुआ है कि कोई एक सरकार का दसवीं बार बजट प्रस्तुत हो रहा है और नौ वर्ष में कोई भी टैक्स नहीं लगाया गया है।
बजट नौ वर्ष में तीन गुना से अधिक बढ़ा
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि उत्तर प्रदेश का बजट नौ वर्ष में तीन गुना से अधिक बढ़ा है। यह पहली बार हुआ है कि किसी एक सरकार का दसवीं बार बजट प्रस्तुत हो रहा है और नौ वर्ष में जनता पर कोई भी टैक्स नहीं लगाया गया है। उन्होंने कहा कि सिटी इकनोमिक जोन क्लस्टर डेवेलोप करने की नई कार्यवाही के लिए बजट में प्रावधान किया गए है। “रूल ऑफ लॉ” रियल ग्रोथ की गारंटी है। यूपी में 50 लाख करोड़ का निवेश किया गया है। अन्नदाता किसान केवल लाभार्थी नहीं है विकास में भागीदार है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यूपी का ऐतिहासिक दसवां बजट सुरक्षित नारी, सक्षम युवा और खुशहाल किसान को समर्पित है। यह बजट “सुरक्षित नारी, सक्षम युवा, खुशहाल किसान, हर हाथ को काम और तकनीकी निवेश से समृद्ध उत्तर प्रदेश” की थीम पर आधारित है। उन्होंने इसे नौ वर्षों के नवनिर्माण की नई गाथा बताया। मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले नौ वर्षों में उत्तर प्रदेश ने अपनी पहचान और परसेप्शन बदलने में सफलता प्राप्त की है। राज्य का बजट आकार तीन गुना से अधिक बढ़ा है और यूपी आज तकनीक और निवेश के क्षेत्र में तेजी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने बताया कि नई योजनाओं के लिए 43,565 करोड़ रुपये प्रस्तावित किए गए हैं, जबकि 2 लाख करोड़ रुपये से अधिक राशि नए निर्माण कार्यों पर खर्च की जा रही है, जिससे रोजगार और विकास को नई गति मिलेगी।
चीनी मिलों की क्षमता विकसित होगी
सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि चार चीनी मिलों की क्षमता विकसित करने के प्रावधान किए गए हैं। अवस्थापना और औद्योगिक विकास के लिए बजट की व्यवस्था की गई है। गंगा एक्सप्रेसवे को बढ़ाने के लिए घोषणा हुई है। युवाओं को डिजिटली सशक्त बनाने के लिए टैबलेट देने की व्यवस्था की गई है
रोजगार जनरेटर के रूप में बढ़ेगा यूपी
सीएम ने कहा कि बजट में हर वर्ग का ध्यान रखा गया। नौ वर्ष में यूपी के लोगों की राय बदली है। युवाओं की ग्रोथ उनके रोजगार को लेकर हो, इसका ध्यान रखा जा रहा है। एमएसएमई, कौशल विकाश के साथ रोजगार जनरेटर के रूप में यूपी का बढ़ना तय है। हम जन विश्वास सिद्धांत के रूप में आगे बढ़ रहे हैं। निवेशकों को सिंगल विंडो सुविधा दी जा रही है। हमने इज आफ डूइंग में अच्छा किया है। इसके लिए रूल आप लॉ रियल ग्रोथ की गांरटी है। आज यूपी सुरक्षा की गारंटी दे रहा है।
अन्नदाता केवल लाभार्थी नहीं विकास का आधार
सीएम ने कहा कि अन्नदाता किसान देश की अर्थव्यवस्था ओर उसके विकास की धुरी हैं। अन्नदाता केवल लाभार्थी नहीं विकास का आधार हैं। अन्नदाता से उन्हें उद्यमी बनाने की दिशा में आगे बढ़ेंगे। बजट में इसका प्रावधान है। हम ट्यूबवेलों को फ्री बिजली दे रहे हैं। किसान को कुसुम योजना का भी लाभ दिलाएंगे। गन्ना के साथ दलहनी और तिलहनी यानी सहफसली खेती की ओर आगे बढ़ेंगे। इससे और लाभ होगा। इसके लिए हमने बजट में प्रावधान किया है। हमने नोएडा एयरपोर्ट को विकसित करने की योजना बनाई है। एआई के प्रयोग की घोषणा की गई है। अन्न भंडारण क्षमता विकसित करने का लक्ष्य रखा है। बड़े-बड़े गोदाम बनें, इसके लिए सब्सिडी देंगे। पशुओं के स्वास्थ्य के लिए बीमा होगा। बीमा राशि का 50 फीसदी तक प्रीमियम सरकार देगी।




