कौशाम्बी में यमुना घाटों पर अवैध खनन का वीडियो वायरल, खनन अधिकारी पर उठे सवाल, अवैध खनन पर प्रशासन की जांच
एनजीटी नियमों की धज्जियां, पोकलैंड-जेसीबी से यमुना में बालू निकासी

कौशाम्बी जिले में यमुना नदी के घाटों पर एनजीटी के नियमों की धज्जियां उड़ाते हुए पोकलैंड और जेसीबी मशीनों से खुलेआम बालू की निकासी का वीडियो वायरल हुआ है। आरोप है कि खनन अधिकारी के संरक्षण में लंबे समय से अवैध खनन जारी है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। ग्रामीणों ने निष्पक्ष जांच और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है, जबकि प्रशासन ने वीडियो की जांच कराने और दोषी पाए जाने पर कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
सचिन पाण्डेय,कौशाम्बी/उत्तर प्रदेश। यमुना नदी के विभिन्न बालू घाटों पर एनजीटी के नियमों की खुलेआम धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। नदी की जलधारा के बीच पोकलैंड और जेसीबी मशीनों से बालू की निकासी का वीडियो वायरल होने के बाद खनन विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठे हैं।
सराय अकिल थाना क्षेत्र के नंदा का पुरवा गांव से सामने आए जीपीएस वीडियो में साफ दिखाई दे रहा है कि भारी मशीनों के जरिए नदी के भीतर तक खनन किया जा रहा है, जो एनजीटी के दिशा-निर्देशों के खिलाफ है। आरोप है कि यह सब खनन अधिकारी के संरक्षण में हो रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में लंबे समय से अवैध खनन जारी है, लेकिन प्रशासन की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो रही। वीडियो सामने आने के बाद अब जिम्मेदार विभागों की भूमिका पर सवाल खड़े हो गए हैं।
स्थानीय लोगों ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। वहीं प्रशासन का कहना है कि वायरल वीडियो की जांच कराई जा रही है और दोषी पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। अब बड़ा सवाल यह है कि क्या जांच केवल वीडियो तक सीमित रहेगी या यमुना नदी के घाटों पर मशीनों से हो रहे अवैध खनन को रोकने के लिए ठोस कदम उठाए जाएंगे।




