50 थे हमलावर, यहां-वहां गिराईं लाशें, बचाने की हिम्मत किसी में नहीं; देवरिया नरसंहार की पूरी कहानी

UP Deoria Murder Case Full Story: मकान से 6 लाश निकलीं तो लोगों के रोंगटे खड़े हो गए। घर के अंदर हर ओर और दरवाजे तक बिखरा खून घटना की भयावहता को दर्शा रहा था। पढ़ें नरसंहार की कहानी…

UP Deoria Murder Case Full Story: उत्तर प्रदेश के देवरिया में दिल दहलाने वाले कांड की पूरी कहानी सामने आ गई है। महज 30 मिनट के भीतर 50 के करीब हमलावरों में दिनदहाड़े मार काट मचाई। जो भी आगे आया, मारते चले गए, किसी ने भी किसी को बचाने की हिम्मत नहीं की। वहीं, रिश्ते में लगती बहनों की जान लेते वक्त भी हमलावरों के हाथ नहीं कांपे। पुलिस के पहुंचने पर बगीचे के बीच स्थित सत्य प्रकाश दूबे के मकान से 6 लाश निकलीं तो लोगों के रोंगटे खड़े हो गए। घर के अंदर हर ओर और दरवाजे तक बिखरा खून घटना की भयावहता को दर्शा रहा था।

अंतिम संस्कार में मचा कोहराम, उमड़ा पूरा गांव

दहशत का आलम ऐसा था कि मारे गए छह लोगों का अंतिम संस्कार भी पुलिस ने अलग अलग जगह करवाया। कांपते हाथों से बेटों ने मुखाग्नि दी। शाम साढ़े पांच बजे पहले पूर्व जिला पंचायत सदस्य प्रेमचंद यादव के शव का पोस्टमार्टम हुआ। कुर्ना नाला के पास श्मशान घाट में अंतिम संस्कार हुआ। उसके बाद रात करीब साढ़े 8 बजे पटनवा पुल पर सत्यप्रकाश और उनके परिजनों का अंतिम संस्कार हुआ। स्पेशल डीजी कानून व्यवस्था प्रशांत कुमार ने बताया कि प्रथम दृष्टया आपसी रंजिश में हत्या हुई है। एक हत्या के बदले अन्य हत्याएं की गई। अभी तक 14 लोगों को हिरासत में लिया गया है। आरोपियों पर कठोर कार्रवाई की जाएगी।

एक हत्या का बदला लेने को किया गया नरसंहार

देवरिया में हुए हत्याकांड में पहला शिकार पूर्व जिला पंचायत सदस्य प्रेम यादव बने। प्रेम यादव की एक जमीन लेहड़ा टोला निवासी सत्य प्रकाश दुबे के दरवाजे के पास है। इस जमीन को लेकर दोनों पक्षों में काफी समय से विवाद था। वहीं सोमवार को हुए खूनखराबे की शुरुआत सबसे पहले सत्यप्रकाश दुबे ने ही की। प्रेम यादव गांव में सत्य प्रकाश से मिलने आया था। इस दौरान विवादित जमीन को लेकर दोनों में जमकर बहस हो गई। इसके बाद सत्यप्रकाश दुबे ने ईंट मारकर प्रेम यादव को मार डाला। कुछ ही देर में लोग हथियारों से लैस होकर सत्यप्रकाश के घर पहुंचे और फायरिंग करते हुए धारदार हथियार से 6 लोग मार दिए।

पूरा परिवार खत्म, अंतिम संस्कार में उमड़ा गांव

सत्यप्रकाश उसकी पत्नी और उनके 3 बच्चों की गोलियां मारी गईं। धारदार हथियार से काटा गया। सत्यप्रकाश का सबसे छोटा बेटा किसी तरह बचकर भाग निकला, लेकिन वह गंभीर रूप से घायल है। पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए दो युवकों को गिरफ्तार कर लिया है। 14 लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हत्याकांड की निंदा की और मृतकों के प्रति संवेदना व्यक्त की। उन्होंने पुलिस को केस की गहन जांच करने और आरोपियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई करने को आदेश दिए। वहीं गांव में तनाव का माहौल देखते हुए पुलिस तैनात कर दी गई है, जो मामला शांत होने पर तैनात रहेगी।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button