फतेहपुर में मथुरा से आई चार सदस्यीय टीम ने पुलिस और रेलवे कॉलोनी से पहले दिन पकड़े 61 बंदर

मथुरा/उत्तर प्रदेश। मथुरा से आई चार सदस्यीय टीम ने सोमवार को बंदरों को पकड़ने का अभियान शुरू किया। पहले दिन पुलिस और रेलवे कॉलोनी में पिंजरे लगाकर 61 बंदर पकड़े गए। यह अभियान एक सप्ताह तक चलाया जाएगा। टीम एक बंदर को पकड़ने के लिए 300 रुपये ले रही है।
शहर और रेलवे स्टेशन क्षेत्र में बंदरों की बढ़ती संख्या से लोग परेशान थे। छतों पर रखा सामान असुरक्षित था और कई लोगों को काटने की घटनाएं भी सामने आ रही थीं। रेलवे के मुख्य वाणिज्य निरीक्षक महेंद्र गुप्ता ने स्टेशन पर बंदरों की समस्या और यात्रियों की परेशानी को लेकर जिलाधिकारी को पत्र भेजा था। जिलाधिकारी के निर्देश पर नगर पालिका ने मथुरा की टीम की मदद ली। पकड़े गए बंदरों को जंगल में छोड़ा जाएगा। नगर पालिका के अधिशाषी अधिकारी रविंद्र कुमार ने बताया कि टीम पूरे सप्ताह शहर और रेलवे स्टेशन में बंदरों को पकड़ने का कार्य जारी रखेगी।
मथुरा से आई टीम अपने साथ दो जाल जाई है। इसमें एक बड़ा और एक छोटा है। पिंजरा नुमा इस जाल के अंदर चने और फल डाल दिए जाते हैं। एक-एक करके बंदर पिंजरे के अंदर पहुंच जाते हैं। एक साथ पांच सात बंदर हो जाने पर दूर बैठा टीम का सदस्य पतला तार अपनी ओर खींच लेता है और पिंजरे का गेट बंद हो जाता है। टीम के सदस्यों की यह तरकीब देखकर लोग तालियां बजाते रहे।




