कानपुर में अंडा कारोबारी से 3.30 करोड़ की ठगी के मामले में ताजमहल फिल्म को-प्रोड्यूसर इरशाद आलम गिरफ्तार

कानपुर/उत्तर प्रदेश। कानपुर कमिश्नरेट पुलिस ने फिल्म ताजमहल के सह-निर्माता इरशाद आलम अरेस्ट किया है। बताया जा रहा है कि अंडा कारोबारी से 3.30 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी करने और रंगदारी मांगने का आरोप लगा है। इरशाद आलम की फिल्म ताजमहल 2005 में रिलीज हुई थी, जिसमें वो सह-निर्माता थे। बेकनगंज के अंडा कारोबारी ने 3.30 करोड़ की धोखाधड़ी के मामले में इरशाद आलम समेत 8 लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
बेकनगंज थाना क्षेत्र के अंडा कारोबारी से 3.30 करोड़ की धोखाधड़ी जमीन बेचने के नाम पर की गई थी। कारोबारी का आरोप है कि रुपये वापस मांगने पर झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी देकर 60 लाख की रंगदारी मांगी गई थी। सिविल लाइन निवासी मो. शोएब ने पुलिस को बताया कि बेकनगंज नई सड़क पर उनका अंडे का थोक कारोबार है।
मो. शोएब के मुताबिक उन्हें और उनके नई सड़क निवासी साथी फहद नसीम, उबैद नसीम को व्यापार के लिए गोदाम और जमीन की जरूरत थी। इस पर रिक्की और रफी ने उनकी मुलाकात जाजमऊ गज्जूपुरवा हाल पता सिग्नेचर सीटी निवासी इरशाद आलम आलम से कराई थी। इरशाद आलम ने अंडा कारोबरी और उनके साथियों को गज्जूपुरवा में जमीन दिखाई थी।
इरशाद आलम ने जमीन की कीमत 1.65 करोड़ रुपये बताई थी। सौदा तय होने पर रुपये दे दिए। जमीन हस्तांतरित करने की बजाए जमीन की कीमत दोगुनी कर दी। आरोप है कि बड़ी रकम फंसी होने के कारण 1.65 करोड़ रुपये दे दिए। इसके बाद भी जमीन का बैनामा नहीं कराया गया। जमीन के बारे में जब पता लगाया गया तो मालूम पड़ा कि जमीन सरकार ने पहले ही अधिग्रहण के रखी है।
पीड़ित ने जब दिए गए 3.30 करोड़ रुपये वापस मांगे तो आरोपी ने 13 सितंबर को अपने साथी मो. उजैर और अन्य लोगों के साथ शॉप पर आकर झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी देते हुए 60 लाख रुपए की रंगदारी मांगी। पीड़ित ने मामले की शिकायत जेसीपी अपराध मुख्यालय से की। बेकनगंज इंस्पेक्टर मो. मतीन के मुताबिक तहरीर के आधार पर तीन नामजद और छह अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जांच की जा रही है।




