जय श्रीराम के नारे, हाथों में ध्वज, जमकर बांटी मिठाई, भोजशाला विवाद में हाईकोर्ट का फैसला आते ही हिन्दुओं ने मनाया जश्न
धार के भोजशाला परिसर में हाईकोर्ट ने ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। कोर्ट के फैसले के बाद भोजशाला परिसर में हिन्दू पक्ष के लोगों ने जमकर जश्न मनाया है।

धार/मध्य प्रदेश। भोजशाला विवाद पर मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। कोर्ट ने भोजशाला परिसर को मंदिर माना है। मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने धार की भोजशाला को वाग्देवी मंदिर माना है। हाईकोर्ट ने कहा हमने पुरातात्विक और ऐतिहासिक तथ्यों, एएसआई की सर्वे रिपोर्ट पर विचार किया है। हाईकोर्ट के फैसले के बाद धार में जश्न शुरू हो गया है।
हाईकोर्ट का फैसला आने के बाद भोजशाला परिसर के बाहर बड़ी संख्या में लोग पहुंचने लगे हैं। जय श्री राम के नारे लगाते हुए लोगों ने एक दूसरे को मिठाई और लड्डू खिलाकर जश्न मनाना शुरू कर दिया है। हिन्दू पक्ष के जश्न को देखते हुए प्रशासन ने व्यवस्था कड़ी कर दी है। धार के हर इलाके में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी की गई है।
हाईकोर्ट का फैसला आने के बाद बड़ी संख्या में लोग हाथों में पताका और ध्वज लेकर मंदिर परिसर के बाहर जमा हो गए हैं। इस दौरान लोग एक दूसरे के गले मिल रहे हैं और जमकर नारेबाजी की। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए फिलहाल, भोजशाला के मेन गेट पर बैरिकेड्स लगाकर इसे बंद कर दिया गया है। इसके बाहर बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात है। भोजशाला परिसर में शुक्रवार को जुमे की नमाज अदा की गई थी। हाईकोर्ट का फैसला आने से पहले मुस्लिम समाज के लोग यहां नमाज पढ़ने के लिए पहुंचे थे। कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच प्रशासन ने मुस्लिम समाज के लोगों का परिसर में प्रवेश कराया था। प्रशासन और पुलिस की निगरानी में तय व्यवस्था के तहत नमाज पढ़ी गई।
भोजशाला परिसर को छावनी में तब्दील कर दिया गया है। सुरक्षा व्यवस्थाओं के मद्देनजर पुलिस और रैपिड एक्शन फोर्स की टीमें तैनात हैं। परिसर के आसपास करीब 500 से ज्यादा पुलिसकर्मी और जवान तैनात हैं। वहीं, फ्लैग मार्च भी निकाला गया है। प्रशासन ने संवेदनशील इलाकों में लगातार गश्ती बड़ा दी है। प्रशासन लोगों से शांति एवं कानून व्यवस्था बनाए रखने की अपील कर रहा है।




