अलीगढ़ में डकैती की योजना बनाते एएमयू के 2 छात्रों समेत 12 आरोपी गिरफ्तार, 6 पिस्टल और कारतूस बरामद

यूपी के अलीगढ़ में डकैती की योजना बना रहे 12 आरोपियों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में 2 अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के छात्र हैं। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
अलीगढ़/उत्तर प्रदेश। यूपी के अलीगढ़ में पुलिस ने डकैती की साजिश रचने वाले 12 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने सभी आरोपियों के पास से 6 अवैध पिस्टल, 4 तमंचे और कारतूस बरामद किए हैं। पकड़े गए 12 आरोपियों में एएमयू के दो छात्र भी शामिल हैं। पुलिस के मुताबिक, सभी आरोपी डकैती की योजना बना रहे थे और पंजीपुर रोड स्थित एक खंडहर किले में अवैध हथियारों की खरीद-फरोख्त चल रही थी। इन अवैध हथियारों को यूपी, दिल्ली और आसपास के राज्यों में सप्लाई की आशंका है। यह पूरी कार्रवाई एसएसपी नीरज कुमार जादौन के निर्देशन में की गई है।
मिली जानकारी के अनुसार,थाना क्वार्सी और थाना सिविल लाइन पुलिस ने क्रिमिनल इंटेलीजेंस विंग टीम की संयुक्त कार्रवाई के दौरान पंजी रोड स्थित एक खंडहर किले पर बुधवार देर रात को छापा मारा। इस दौरान पुलिस ने खंडहर से 12 आरोपियों को डकैती की योजना बनाते हुए गिरफ्तार किया है। पुलिस टीम ने इनके कब्जे से 6 अवैध पिस्टल, 4 तमंचा और एक लग्जरी कार बरामद की है। पकड़े गए आरोपियों में अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के दो छात्र शाहबाज खान और मोहम्मद कासिम शामिल हैं।
पुलिस पूछताछ में खुलासा हुआ कि शाहबाज खान और मोहम्मद कासिम दोनों छात्र एएमयू कैंपस में हथियारों की सप्लाई करते थे। वही इनके साथ क्राउन प्लाजा होटल का मालिक प्रियेंद्र प्रताप इस पूरे सिंडिकेट में शामिल है। इसी के होटल में हथियारों की डील होती थी। पुलिस की इस छापामार कार्रवाई के दौरान पकड़े गए कुछ आरोपियों का बड़ा आपराधिक इतिहास भी है। 5 आरोपियों के खिलाफ दर्जनों आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं।
अलीगढ़ एसएसपी नीरज जादौन ने बताया कि इस गिरोह का मुख्य सप्लायर मोहम्मद काशिफ है, जो एक अवैध पिस्तौल को एक से डेढ़ लाख रुपये में बेचता था। आजकल सोशल मीडिया पर रेस पर कमेंट को लेकर फायरिंग जैसी घटनाएं सामने आती है। जब पुलिस ने जांच पड़ताल की तो सामने आया कि इन बदमाशों का मकसद लूट डकैती रंगदारी जैसी घटनाओं से पैसा कमाना है। वहीं, एसएसपी ने इस सफलता के लिए पुलिस टीम को पुरस्कृत करने की घोषणा भी की है।



