मुंबई के आईसीटी में इंजीनियरिंग छात्र की मौत, डॉक्टर को आत्महत्या के विचार आने की दी थी जानकारी
मुंबई के माटुंगा स्थित इंस्टीट्यूट ऑफ केमिकल टेक्नोलॉजी (आईसीटी) में केमिकल इंजीनियरिंग के दूसरे वर्ष के एक छात्र ने मंगलवार रात अपने हॉस्टल के कमरे में आत्महत्या कर ली। पढ़ाई में अव्वल रहने वाले सिद्धेश पाटिल (19) पिछले तीन वर्षों से डिप्रेशन के लिए मनोरोग विशेषज्ञ से इलाज करा रहे थे। वह नासिक के रहने वाले थे।

मुंबई,एजेंसी। इंस्टीट्यूट ऑफ केमिकल टेक्नोलॉजी (आईसीटी), मुंबई में इंजीनियरिंग के दूसरे वर्ष में पढ़ने वाले छात्र सिद्धेश पाटील की हॉस्टल के कमरे में मौत हो गई। वह मूल रूप से नासिक का रहने वाला था। घटना की जानकारी मिलने के बाद माटुंगा पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया और मामले की जांच शुरू कर दी है।
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, सिद्धेश पिछले कुछ दिनों से मानसिक तनाव से जूझ रहा था और उसका इलाज चल रहा था। बताया गया है कि घटना से एक दिन पहले उसने अपने डॉक्टर को संदेश भेजकर आत्महत्या के विचार आने की बात कही थी। डॉक्टर ने इसकी जानकारी तत्काल उसके परिवार को दी। परिवार ने हॉस्टल में रहने वाले उसके दोस्तों से संपर्क कर उसे देखने के लिए कहा, लेकिन उनके पहुंचने से पहले ही घटना हो चुकी थी।
सिद्धेश के पढ़ाई में मेधावी होने की बात भी सामने आई है। पुलिस छात्र के परिवार, दोस्तों और अन्य संबंधित लोगों से पूछताछ कर रही है, ताकि घटना के हालात और संभावित कारणों का पता लगाया जा सके। पुलिस ने मामले की जांच जारी होने की पुष्टि की है।
इससे पहले 14 अक्टूबर को झारखंड की राजधानी रांची के नामकुम थाना क्षेत्र में भी एक निजी विश्वविद्यालय के बीटेक छात्र का शव किराए के कमरे में मिला था। मृतक की पहचान हजारीबाग जिले के पेटो गांव निवासी मनीष कुमार के रूप में हुई थी। वह झारखंड राय विश्वविद्यालय में पढ़ाई कर रहा था और राजाउलातू क्षेत्र में विश्वविद्यालय के पास किराए के कमरे में रहता था। पुलिस के अनुसार, उसका रूममेट कुछ दिन पहले वहां से चला गया था। इस मामले की भी जांच की जा रही है।




