होली के उल्लास में उड़ा अबीर-गुलाल तो जुमा नमाज में दुआ के लिए उठे हाथ, संभल से भाईचारे की शानदार तस्वीर
Abir-gulal was thrown in the joy of Holi and hands were raised for prayer in Friday prayers, a wonderful picture of brotherhood from Sambhal

- संभल में होली और जुमे की नमाज शांतिपूर्वक संपन्न हुई
- हिंदू-मुस्लिम समुदाय ने मिलकर भाईचारे की मिसाल कायम की
- जुमे की नमाज तय समय 2:30 बजे पर अदा की गई
संभल/उत्तर प्रदेश। उत्तर प्रदेश में बीते साल 24 नवंबर को शाही जामा मस्जिद सर्वें के दौरान हुई हिंसा के बाद जहां एक ओर तमाम तरह की अटकलों का दौर शुरू हुआ, तो वहीं पुलिस के लिए होली और जुमे की नमाज चुनौती थी, लेकिन पुलिस-प्रशासन और स्थानीय लोगों की मदद से होली और जुमे की नमाज शांतिपूर्वक संपन्न हुई। लोगों ने जमकर होली खेली। इसके बाद तय समय पर जुमे की नमाज संभल जामा मस्जिद में अदा की गई।होली के त्योहार और जुमे की नमाज को लेकर हिंदू और मुस्लिम दोनों समुदाय के लोग चर्चा करते रहे कि मुठ्ठी भर लोग संभल की फिजा खराब नहीं कर सकते हैं। ऐसा पहली बार नहीं हुआ है कि होली और जुमे की नमाज एक साथ हुई है। पहले भी ऐसा हुआ है। संभल में हिन्दू-मुस्लिम भाईचारे की मिसाल कायम होती रही और इस बार आपसी सौहर्दपूर्ण तरीके से होली खेली गई और जुमे की नमाज अदा की गई।
शुक्रवार सुबह से ही हिंदुओं ने होली का पर्व बड़ी ही धूमधाम और हर्षोल्लास के साथ मनाया। इसके बाद मुस्लिम समुदाय के लोगों ने भी शुक्रवार को जुमे की नमाज शांतिपूर्ण तरीके से अदा की। होली त्योहार के मद्देनजर जुमे की नमाज का समय दोपहर 2:30 बजे निर्धारित था और ठीक वैसा ही हुआ। समय पर ही जुमे की नमाज अदा की गई। नगर की विभिन्न मस्जिदों समेत खास तौर पर शहर की शाही जामा मस्जिद में 2:30 बजे नमाज अदा की गई।
साथ ही मिश्रित आबादी वाले इलाकों में भी ढाई बजे जुमे की नमाज हुई। शाही जामा मस्जिद इंतजामिया कमेटी के सदर जफर अली एडवोकेट ने 2:30 बजे पर जामा मस्जिद में जुमे की नमाज अदा किए जाने का ऐलान किया। शाही जामा मस्जिद पर स्थानीय अफसर भारी पुलिस बल के साथ तैनात रहे। पहले होली का पर्व सकुशल संपन्न हुआ और इसके बाद जुमे की नमाज पूरे सुकून के माहौल में अदा की गई। शहर इमाम हजरत हुसैन साहब वारसी ने जुमे की नमाज अदा कराते हुए मुल्क और शहर में अमन शांति के लिए दुआ मांगी। लोगों ने भी जुमे की नमाज अदा करते हुए दुआ मांगी। नमाज अदा कर लोग सकुशल अपने घरों को लौट गए।




