मथुरा में महंत के फोन से महिला टीचर को मिलीं अश्लील तस्वीरें,केस दर्ज

मथुरा,(उत्तर प्रदेश)। मथुरा-वृन्दावन के एक महाविद्यालय की शिक्षिका और सामाजिक कार्यकर्ता ने एक सम्प्रदाय के महंत पर मोबाइल फोन पर अश्लील फोटो भेजने और अपमान करने का आरोप लगाया है। महंत फूलडोल बिहारी दास ने भी महिला के खिलाफ ब्लैकमेल करने का आरोप लगाते हुए कोतवाली में तहरीर दी है। आरोप है कि फोटो वायरल होने की घटना में माफी मांगने के बावजूद लगातार महिला उनसे दस लाख रुपए की डिमांड कर रही थीं। रुपए न देने के एवज में महिला ने पहले ही झूठे मुकदमे में फंसाकर बदनाम करने की धमकी दी थी। पुलिस ने तहरीर लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है।

कोतवाली में चतु:संप्रदाय के महंतों संग पहुंचे महंत फूलडोल बिहारीदास ने दी तहरीर में कहा कि कुछ दिन पहले समाजसेवी महिला ने खुद को महामंडलेश्वर घोषित किया था। जिसकी जानकारी परिषद और अखाड़ों को हुई। गलत तरीके से महामंडलेश्वर की उपाधि घोषित करने के विरुद्ध चतु:संप्रदाय व अखाड़ा परिषद ने बैठक बुलाकर इस उपाधि को गलत बताया। कहा महामंडलेश्वर की उपाधि केवल अखाड़ों द्वारा दी जाती है, कुंभ में सभी महंतों को उपाधि परंपरागत तरीके से दी जाती है। महिला की उपाधि को अखाड़ा परिषद ने अस्वीकार कर दिया, तो महिला क्षुब्ध हो गई और कहने लगी, कि या तो मुझे महामंडलेश्वर स्वीकार करो अन्यथा झूठे मुकदमे में फंसा दूंगी। इसके अलावा महिला ने ब्लैकमेल करने के उद्देश्य से दस लाख रुपए की डिमांड की। कहा अगर पैसे न दिए तो अापका सम्मान धूमिल कर दूंगी। आरोप है कि महिला का साथ धर्मेंद्र गिरि जिसने खुद को महामंडलेश्वर घोषित कर महिला को भी महामंडलेश्वर की उपाधि दे डाली, दोनों जब कामयाब न हुए, तो फर्जी मुकदमा दर्ज करवा दिया।

जबकि जिस फोटो के बारे में जो आरोप लगाए हैं, वह फोटो नागा साधु का है, जो किसी आश्रम के बालक ने गलती से महिला के मोबाइल पर भेज दिया था। इसके लिए नागा साधु व उन्होंने खुद सार्वजनिक रूप से माफी मांग ली थी। दोनों लोगों को जब कामयाबी न मिली और दस लाख रुपए भी न मिले, तो झूठा मुकदमा लगा दिया।महंत फूलडोल बिहारीदास ने पुलिस से मामले में जांच कर सख्त कार्रवाई करने की मांग की है। इस दौरान अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत हरिशंकर दास नागा, चतु:संप्रदाय अध्यक्ष महंत सच्चिदानंद, महंत हेमकांत शरण, महंत मोहिनी शरण, आचार्य बद्रीश, सौरभ गौड़, रामस्वरूप दास ब्रह्मचारी, राममंदिर के महंत रघुनाथ दास, बलभद्र अखाड़ा के महंत बलरामदास, चौ. राजेंद्र सिंह, राधामोहन दास नागा बाबा, सियाराम दास, महंत राघव दास, महंत शंकरदास समेत अनेक संत मौजूद रहे।
इस संबंध में पीड़ित महिला का कहना है कि महंत फूलडोल बिहारीदास ने ब्लैकमेलिंग करने व दस लाख रुपए की डिमांड करने के जो आरोप लगाए हैं, उनके साक्ष्य दें। ताकि स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो जाए। अगर, इस तरह दबाव बनाने की कोशिश कोई करेगा, तो मुकदमा किसी कीमत पर भी वापस न होगा। ये लड़ाई अंत तक लड़ी जाएगी।वृन्दावन के कोतवाली प्रभारी सूरज प्रकाश शर्मा ने बताया कि अश्लील फोटो भेजे जाने के मामले की जांच साइबर सेल को सौंपी गई है एवं उसकी रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई की जाएगी। शर्मा ने कहा कि फिलहाल, यह मामला आईटी एक्ट की धारा 67 के तहत दर्ज किया गया है तथा रिपोर्ट के अनुसार आवश्यक अन्य धाराएं जोड़ी जा सकती हैं।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button