कानपुर देहात में फरियादी की शिकायत सुनने जमीन पर बैठीं एसपी, बच्ची को खिलाई मिठाई

कानपुर देहात/उत्तर प्रदेश। कानपुर देहात की एसपी श्रद्धा नरेंद्र पांडेय का एक वीडियो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहा है। इसमें वह जमीन पर बैठकर एक महिला से बात करती दिख रही हैं। आईपीएस अधिकारी के इस प्रकार के गेस्चर के कारणों की तलाश की जाने लगी। इसके बाद जो मामला निकलकर सामने आया, इसके बाद कानपुर देहात एसपी की प्रशंसा होने लगी। दरअसल, कानपुर देहात एसपी कार्यालय में जनसुनवाई चल रही थी। जन सुनवाई में भाग लेने आए लोगों की समस्या सुन रही थीं। इसी दौरान उन्हें बताया गया कि एक दिव्यांग महिला भी अपनी शिकायत लेकर आई है। अधिकारी फरियादी को कार्यालय तक लाने की बात कर रहे थे।
एसपी श्रद्धा नरेंद्र पांडेय ने इस दौरान कार्यालय से निकलकर दिव्यांग महिला के पास पहुंच गईं। महिला की स्थिति को देखकर उन्होंने पूरी बात सुनने का निर्णय लिया। इसके लिए वे उनके पास ही जमीन पर बैठ गईं। एसपी काफी देर तक महिला से बातचीत करती रहीं। इस दौरान उन्होंने महिला की शिकायत को पूरे धैर्य के साथ सुना। संबंधित अधिकारी को उनकी समस्या के समाधान के निर्देश दिए।
‘शक्ति’ से किया संबोधित
दिव्यांग महिला के साथ एक छोटी सी बच्ची भी आई थी। उसे देखकर एसपी ने मिठाई मंगवाई। बच्ची को अपने हाथों से खिलाया। बच्ची के साथ तस्वीर को उन्होंने ‘शक्ति’ कैप्शन के साथ अपलोड किया है। दरअसल, कानपुर देहात पुलिस की ओर से मिशन शक्ति के तहत महिलाओं और बालिकाओं को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक किया जा रहा है। साथ ही, सोमवार से शक्ति यानी मां दुर्गा की अराधना का पर्व नवरात्र की भी शुरुआत हुई है। ऐसे में उनके ‘शक्ति’ कैप्शन को दोनों रूपों में देखा जा रहा है। कानपुर देहात एसपी ने अधिकारियों को महिला की फरियाद पर शीघ्र कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
श्रद्धा पांडेय का जन्म 1 जून 1986 को मुंबई में हुआ था। उनके पिता का नाम नरेंद्र राममूर्ति पांडेय है। श्रद्धा अपने नाम के साथ पिता का नाम भी लिखती हैं। उन्होंने बायोटेक्नोलॉजी से एमटेक तक की पढ़ाई की। इसके बाद बीमा और आईसीएलएस सेवा में कार्यरत रहीं। श्रद्धा का सपना सेना में जाने का था। इसके लिए उन्होंने वर्ष 2011 में संयुक्त रक्षा सेवा परीक्षा में भाग लिया। वे अखिल भारतीय स्तर पर चौथी रैंक हासिल करने में सफल रहीं। हालांकि, दृष्टि दोष के कारण मेडिकल राउंड पास नहीं कर सकीं।
श्रद्धा नरेंद्र पांडेय ने इसके बाद हार नहीं मानी। उन्होंने पुलिसिंग को अपना लक्ष्य बनाया। इसके बाद सिविल सेवा की तैयारी की शुरू की। लगातार संघर्ष करते हुए 2017 बैच की आईपीएस अधिकारी बनने में सफल रहीं। उन्हें यूपी कैडर मिला। आईपीएस अधिकारी के तौर पर उन्होंने शानदार काम किया। आईपीएस श्रद्धा की गिनती प्रदेश के ईमानदार और सख्त माने जाने वाले अधिकारियों में होती है। 15 अगस्त 2020 को उन्हें डीजी कमेंडेशन डिस्क सिल्वर से सम्मानित किया गया। 38वीं वाहिनी पीएसी अलीगढ़ की सेनानायक के पद से वे कानपुर देहात एसपी के पद पर ट्रांसफर होकर आई हैं।

Who is IPS Shraddha Narendra Pandey Kanpur Dehat SP1

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