बच्ची के जन्म पर नेग में नहीं मिले 51000 रुपये, तो किन्नरों ने ‘पालतू बिल्ली’ को किया किडनैप

इंदौर,(मध्य प्रदेश)। इंदौर में किन्नरों के एक समूह ने एक परिवार से बच्ची के जन्म पर नेग मांगा, जब परिवार ने नेग नहीं दिया तो किन्नरों ने उनके घर की पालतू बिल्ली को अगवा कर लिया। महिला ने पुलिस थाने में इस मामले की शिकायत की, लेकिन मामला दर्ज नहीं किया गया। महिला ने किन्नरों पर कई आरोप भी लगाए हैं।
महिला का कहना है कि बच्ची के जन्म पर किन्नरों ने 51,000 रुपये के नेग की मांग की थी, पूरी नहीं होने पर इस उन्होंने यह हरकत की। शहर के सूर्यदेव नगर में रहने वाली रुचिका गडकरी ने मंगलवार को बताया कि उनकी बहन ने कुछ दिन पहले बच्ची को जन्म दिया है और वह उसकी देखभाल के लिए मायके में रह रही हैं।
सोमावार को किन्नरों का एक समूह सोमवार को हमारे घर आया और बच्ची के जन्म पर 51,000 रुपये का नेग मांगा। मेरी मां ने उन्हें इतनी रकम देने में असमर्थता जताते हुए उन्हें 2,500 रुपये का नेग दिया, लेकिन किन्नरों ने अभद्र बर्ताव किया और वे हमारे घर से हमारी पालतू बिल्ली को जबरन अपने साथ ले गए।
रुचिका गडकरी ने आरोप लगाया कि ट्रांसजेंडर ने मनचाहा नेग नहीं मिलने पर नवजात बच्ची को जबरन अपने साथ ले जाने की धमकी भी दी। महिला का कहना है कि पर्शियन प्रजाति की बिल्ली के अपहरण को लेकर उनके परिवार ने किन्नरों के समूह के खिलाफ द्वारकापुरी पुलिस थाने में तहरीर दी है, लेकिन अब तक मामले में प्राथमिकी दर्ज नहीं की गई है।
महिला ने रुआंसे स्वर में कहा कि हमें हमारी बिल्ली वापस चाहिए। वह हमारे परिवार की सदस्य की तरह है। द्वारकापुरी पुलिस थाने के एक अधिकारी ने कहा कि गडकरी परिवार की तहरीर मिली है और जांच के बाद उचित कानूनी कदम उठाए जाएंगे।




