दिल्ली के नरेला में टहलने गए युवक की गला रेतकर हत्या, बवाना में मिला शव

बाहरी दिल्ली। 26 जनवरी की रात नरेला इंडस्ट्रियल एरिया में अपने घर से टहलने निकले एक युवक की गला काटकर हत्या कर दी गई। उसका शव 28 जनवरी को बवाना सेक्टर-5 के ब्लॉक E में झाड़ियों में पड़ा मिला। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया और परिवार को सौंप दिया। हत्या की धारा के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है और पुलिस आरोपियों की पहचान के लिए पीड़ित के परिवार से पूछताछ कर रही है। पुलिस संदिग्धों की पहचान के लिए झाड़ियों की ओर जाने वाली और वहां से आने वाली सड़कों के सीसीटीवी फुटेज भी खंगाल रही है।
एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि शुरुआती जांच से पता चलता है कि हत्या आपसी रंजिश के कारण हुई है। पुलिस जांच को आगे बढ़ाने के लिए मृतक के सहकर्मियों, पड़ोसियों और परिवार के सदस्यों से पूछताछ कर रही है। मृतक की पहचान 23 वर्षीय विक्की के रूप में हुई है, जो अपने माता-पिता और दो भाइयों के साथ छोटी मेट्रो विहार इलाके में रहता था। वह मूल रूप से बिहार के दरभंगा जिले के घनश्यामपुर गांव का रहने वाला था। मृतक के भाई नीरज ने बताया कि उसका भाई विक्की नरेला इंडस्ट्रियल एरिया में दिहाड़ी मजदूर के तौर पर काम करता था। 26 जनवरी को छुट्टी थी। वह घर पर था। रात करीब 8 बजे उसने अपने पिता से कहा कि वह टहलने जा रहा है। लेकिन वह पूरी रात घर नहीं लौटा।
27 जनवरी को उन्होंने विक्की के दोस्तों और रिश्तेदारों से उसके बारे में जानकारी जुटाई, लेकिन उसका कहीं पता नहीं चला। 28 जनवरी को वे नरेला इंडस्ट्रियल एरिया के पुलिस स्टेशन गए और विक्की की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई।
दो घंटे बाद पुलिस ने उन्हें बताया कि विक्की का शव बवाना सेक्टर-5 की झाड़ियों में मिला है। उन्होंने शव की पहचान अपने भाई विक्की के रूप में की। पुलिस ने हत्या और अन्य धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है और आरोपियों की तलाश कर रही है।
इस घटना के बाद से मृतक के पिता रघुवीर सिंह, मां संगीता और दोनों भाई नीरज और धीरज बेहाल हैं। मृतक विक्की के भाई नीरज ने बताया कि चार साल पहले विक्की का उनके पड़ोस में रहने वाले एक लड़के से झगड़ा हुआ था। उसी लड़के का दिवाली के दौरान भी किसी बात पर नीरज से झगड़ा हुआ था।
उस समय लड़के ने नीरज को जान से मारने की धमकी भी दी थी। उन्हें शक है कि उनके भाई की हत्या के लिए वही लड़का ज़िम्मेदार है। उन्होंने इस बारे में पुलिस को भी बता दिया है। पिता ने बताया कि उनका बेटा रोज़ मेहनत करके पैसे कमाता था और उन्हें देता था। वह बहुत सीधे स्वभाव का था और कभी किसी पर गुस्सा भी नहीं करता था। उन्हें नहीं पता कि उसे किसने और क्यों मारा।




